लखनऊ। लोकसभा चुनाव को लेकर राजा भैया के जनसत्ता दल ने समाजवादी पार्टी को अपना समर्थन दे दिया है। साथ ही सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) और राजा भैया के बीच की सालों पुरानी दरार भी मिट गई है। अब खुद सपा मुखिया ने इसे लेकर बड़ा संतेक दिया है। दरअसल, लोकसभा चुनाव के […]
लखनऊ। लोकसभा चुनाव को लेकर राजा भैया के जनसत्ता दल ने समाजवादी पार्टी को अपना समर्थन दे दिया है। साथ ही सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) और राजा भैया के बीच की सालों पुरानी दरार भी मिट गई है। अब खुद सपा मुखिया ने इसे लेकर बड़ा संतेक दिया है। दरअसल, लोकसभा चुनाव के रण को लेकर सपा मुखिया अखिलेश यादव ने प्रतापगढ़ में चुनावी सभा को संबोधित किया। इस दौरान मंच पर कांग्रेस के कई दिग्गज नेता मौजूद रहे। यही नहीं सपा और कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के साथ-साथ जनसत्ता दल के भी भारी संख्या में समर्थक यहां जुटे थे।
इस दौरान सभा में एक हैरान कर देने वाला नजारा देखने को मिला। दरअसल, अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) और इंडिया गठबंधन के मंच से राजा भैया जिंदाबाद के नारे भी लगे। ऐसा सालों बाद हुआ जब समाजवादी पार्टी और राजा भैया के समर्थक साथ-साथ नजर आए। इस दौरान अखिलेश यादव ने बिना राजा भैया का नाम लिए उनका भी जिक्र कर दिया। समाजवादी पार्टी के मुखिया और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा, जो थोड़ा बहुत नाराज थे, वह भी आज हमारे साथ हैं।
दरअसल ऐसा माना जा रहा था कि राजा भैया लोकसभा चुनावों में भी भाजपा को समर्थन देंगे। इससे पहले राज्यसभा चुनावों में भी राजा भैया बीजेपी को अपना समर्थन दे चुके हैं। लेकिन इसी बीच केंद्रीय मंत्री पल्लवी पटेल ने प्रतापगढ़ में जनसभा में कुछ ऐसा कह दिया, जिससे सारा मामला बिगड़ गया। इस दौरान पल्लवी पटेल ने बिना नाम लिए राजा भैया पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, आज राजा-रानी पेट से नहीं बल्कि ईवीएम से पैदा होते हैं। कुंडा किसी की जागीर नहीं है। जानकारी के अनुसार, पल्लवी पटेल के इसी बयान के बाद से राजा भैया और भाजपा के बीच बात बिगड़ गई।