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       <title>Today Raksha Bandhan 2024 News | Latest Raksha Bandhan 2024 News | Breaking Raksha Bandhan 2024 News in English | Latest Raksha Bandhan 2024 News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का Raksha Bandhan 2024 समाचार:Today Raksha Bandhan 2024 News ,Latest Raksha Bandhan 2024 News,Aaj Ka Samachar ,Raksha Bandhan 2024 समाचार ,Breaking Raksha Bandhan 2024 News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
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            <title>UP Inkhabar</title>
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        </image><item><title>जेल में धूमधाम से मना रक्षाबंधन, कारागार मंत्री ने कैदियों से बंधवाई राखी</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/rakshabandhan-celebrated-with-pomp-in-the-jail-prison-minister-tied-rakhi-to-the-prisoners/</link><pubDate>August 20, 2024, 6:53 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/download-3-6.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ : बीते दिन देशभर में बड़े ही धूमधाम से रक्षाबंधन का त्योहार मनाया गया। ऐसे में ग्रेटर नॉएडा के जेल से एक बड़ी खूबसूरत तस्वीर सामने आई है। शहर के लुक्सर में स्थित जिला करगास में बंद कैदियों के लिए राखी का दिन एक भावुक करने वाला रहा, उनके हाथो...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ &lt;/strong&gt;: बीते दिन देशभर में बड़े ही धूमधाम से रक्षाबंधन का त्योहार मनाया गया। ऐसे में ग्रेटर नॉएडा के जेल से एक बड़ी खूबसूरत तस्वीर सामने आई है। शहर के लुक्सर में स्थित जिला करगास में बंद कैदियों के लिए राखी का दिन एक भावुक करने वाला रहा, उनके हाथों में पहली बार हथकड़ियां की जगह राखी के धागों से बंधे दिखे। इस अवसर पर राज्य के जेल मंत्री दारा सिंह चौहान भी जिला जेल पहुंच कर उन महिला कैदियों से राखी बंधवाई, जिनके भाई किसी कारण से नहीं पहुंच सके।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;2000 बहनों ने बांधी राखी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;सोमवार (19 अगस्त) को रक्षाबंधन के चलते लक्सर की जिला जेल में कोई कैदी कैद नहीं थे। इस मौके पर लक्सर जेल के दरवाजे बहनों के लिए खोल दिये गये। लेकिन काफी जांच पड़ताल के बाद कड़ी सुरक्षा के बीच उन्हें अंदर जाने दिया गया. करीब 2000 बहनों ने अपने भाइयों की कलाइयों पर राखी बांधी, इसकी व्यवस्था जेल परिसर में की गयी. भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया. राखी बांधते वक्त सभी महिलाएं भावुक नजर आईं.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कारागार मंत्री दारा सिंह चौहान हुए शामिल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इस मौके पर प्रदेश के कारागार मंत्री दारा सिंह चौहान भी महोत्सव में शामिल हुए और जेल की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया. जेल में रक्षाबंधन के अवसर पर बहनों द्वारा बंदियों को बांधी जाने वाली राखियों से संबंधित व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया। बाद में जेल में राखी बांधी गयी और मिठाइयां बांटी गयीं. इस दौरान जेल में बंद बहनों ने भी अपने भाइयों को राखी बांधी. कुछ बहनें जो दूर होने के कारण नहीं आ सकीं, उन्होंने डाक से राखी भेजी, जिसे उनके भाइयों को सौंप दिया गया। इस दौरान शाम को कैदियों के लिए विशेष भोजन की भी व्यवस्था की गई थी.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Raksha Bandhan 2024: भगवान राम को बहन ने भेजी राखी, जानिए इसका महत्व</title><link>https://up.inkhabar.com/festival/raksha-bandhan-2024-%e0%a4%ad%e0%a4%97%e0%a4%b5%e0%a4%be%e0%a4%a8-%e0%a4%b0%e0%a4%be%e0%a4%ae-%e0%a4%95%e0%a5%8b-%e0%a4%ac%e0%a4%b9%e0%a4%a8-%e0%a4%a8%e0%a5%87-%e0%a4%ad%e0%a5%87%e0%a4%9c%e0%a5%80/</link><pubDate>August 19, 2024, 4:53 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/download-2-8-300x225.png</image><category>त्योहार</category><excerpt>लखनऊ : आज देशभर में भाई-बहन के सबसे मधुर रिश्ते का त्योहार मनाया जा रहा है। आज रक्षाबंधन के दिन हर बहन अपने भाई की कलाई पर राखी बांधती है। ऐसे में ये कैसे संभव हो सकता है कि श्रीराम की बहन भगवान राम के लिए राखी न भेजे. आइए जानते हैं राम की बहन ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ &lt;/strong&gt;: आज देशभर में भाई-बहन के सबसे मधुर रिश्ते का त्योहार मनाया जा रहा है। आज रक्षाबंधन के दिन हर बहन अपने भाई की कलाई पर राखी बांधती है। ऐसे में ये कैसे संभव हो सकता है कि श्रीराम की बहन भगवान राम के लिए राखी न भेजे. आइए जानते हैं राम की बहन शांता के बारे में और हर साल अयोध्या भेजी जाने वाली इस राखी की परंपरा क्या है?&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;दशरथ की पुत्री का नाम शांता&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;पुराणों के अनुसार, महाराज दशरथ की एक बेटी भी थी जिसका नाम शांता था महारानी कौशल्या की बहन वर्षिणी और उनके पति रोमपाद जो अंग देश के राजा थे, उनकी कोई संतान नहीं थे. लिहाजा जब उन्होंने शांता जैसी कन्या की कामना की तो महाराज दशरथ और कौशल्या ने शांता को गोद दे दिया, शांता के बड़ी होने पर राजा रोमपाद ने इनका विवाह श्रृंगी ऋषि से कराया था हिमाचल प्रदेश के कुल्लू और कर्नाटक के श्रंगेरी में श्रृंगी ऋषि और शांता के मंदिर हैं। कर्नाटक के श्रंगेरी शहर का नाम श्रृंगी ऋषि के नाम पर ही है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;श्रृंग ऋषि और शांता मंदिर से आई भगवान के लिए राखी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;परंपरा के लिहाज से हर साल भगवान राम की बहन भगवान को राखी बांधती हैं. यह परंपरा आज भी जारी है। रक्षाबंधन के मौके पर हिमाचल के कुल्लू स्थित श्रृंग ऋषि और शांता मंदिर से भगवान राम के लिए राखी अयोध्या पहुंच गई है. इसके साथ ही अयोध्या और अम्बेडकर नगर जिले की सीमा पर स्थित प्राचीन श्रृंगी ऋषि आश्रम माता शांता मंदिर से बड़ी संख्या में महिलाएं राखी लेकर गाजे-बाजे के साथ पुजारी आचार्य सत्येन्द्र दास के आवास पर पहुंची और उन्हें 56 नैवेद्य का भोग लगाया।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इस रक्षा सूत्र को रामलला की कलाई पर बांधा जायेगा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आज राखी पर अयोध्या जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येन्द्र दास रामलला की कलाई पर यह रक्षा सूत्र बांधेंगे. श्रृंगी ऋषि आश्रम से आने वाली राखियों की सबसे बड़ी खासियत यह है कि सावन शुरू होते ही महिलाओं का एक समूह अपने हाथों से रेशम के धागों से राखियां बनाती थी और बनाने से पहले प्रतिदिन पूजा की जाती थी।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Raksha Bandhan: आज है रक्षाबंधन का त्योहार, जाने शुभ मूर्हूत और विधि</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/raksha-bandhan-today-is-the-festival-of-rakshabandhan-know-the-auspicious-time-and-method/</link><pubDate>August 19, 2024, 2:53 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/qad-300x136.webp</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ। सनातन धर्म में रक्षाबंधन के त्योहार को बहुत होता है। रक्षाबंधन का त्योहार भाई-बहन का रिश्ते का प्रतीक होता है। सावन पूर्णिमा पर बहनें अपने भाई को राखी बांधती हैं और उनकी लंबी आयु की कामना करती हैं। ऐसे में भाई अपनी बहन को गिफ्ट या पैसे दे...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ।&lt;/strong&gt; सनातन धर्म में रक्षाबंधन के त्योहार को बहुत होता है। रक्षाबंधन का त्योहार भाई-बहन का रिश्ते का प्रतीक होता है। सावन पूर्णिमा पर बहनें अपने भाई को राखी बांधती हैं और उनकी लंबी आयु की कामना करती हैं। ऐसे में भाई अपनी बहन को गिफ्ट या पैसे देते हैं। यह त्योहार काफी लंबे से मनाया जा रहा है। इस दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की उपासना की जाती है। इसके बाद रक्षाबंधन का त्योहार मनाया जाता है। आइए जानते हैं रक्षाबंधन का शुभ मूर्हूत और पूजा विधि&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;रक्षाबंधन का शुभ मूर्हूत&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;रक्षाबंधन के त्योहार में शुभ मूहूर्त का बहुत महत्व होता है। रक्षाबंधन वाले दिन मूर्हूत के मुताबिक ही राखी को बांधा जाता है। पंचांग के मुताबिक सावन माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि 19 अगस्त को शुभ मुहूर्त 03 बजकर 43 मिनट से शुरू होगा। इसके बाद पूर्णिमा तिथि का आरंभ हो जाएगा। सरल भाषा में बताएं तो अंग्रेजी कैलेंडर के मुताबिक सावन पूर्णिमा तिथि 19 अगस्त को 03 बजकर 43 मिनट पर आरंभ हो जाएगी। वहीं, इस तिथि का समापन 19 अगस्त को रात 11 बजकर 55 मिनट पर होगा। ऐसे में रक्षाबंधन का पर्व 19 अगस्त को मनाया जाएगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;रक्षाबंधन की विधि&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इस दिन सुबह स्नान करने के बाद चौकी पर पीला कपड़ा बिछाकर भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की प्रतिमा को स्थापित करें। इसके बाद भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी की विधि-विधान से पूजा करनी चाहिए। मां लक्ष्मी को श्रृंगार की चीजें अर्पित करें। भगवान विष्णु-लक्ष्मी की प्रतिमा के आगे दीपक जलाएं। इसके बाद देवी-देवता को रोली या हल्दी का तिलक लगाएं और राखी बांधे। इसके बाद अपने भाई को तिलक लगाएं और दाहिने हाथ की कलाई पर राखी बांधें। भाई को मिठाई खिलाएं। साथ ही भगवान उनके जीवन में सुख-शांति और समृद्धि की कामना करें। अंत में अपने बड़े भाई के चरण स्पर्श करें।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Raksha Bandhan 2024 : राखी में तीन गांठों का महत्व? जानें</title><link>https://up.inkhabar.com/world/raksha-bandhan-2024-importance-of-three-knots-in-rakhi-know/</link><pubDate>August 18, 2024, 9:21 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/download-8-2-300x176.png</image><category>दुनिया</category><excerpt>लखनऊ :ज्योतिषाचार्य के मुताबिक, इस बार रक्षाबंधन का त्योहार 19 अगस्त 2024, सोमवार को मनाया जा रहा है. रक्षाबंधन के दिन भद्रा पड़ने के कारण राखी बांधने का शुभ समय दोपहर 01:25 बजे से रात 09:36 बजे तक रहेगा. 19 अगस्त. इस बीच बिना किसी दुविधा के भा...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ &lt;/strong&gt;:ज्योतिषाचार्य के मुताबिक, इस बार रक्षाबंधन का त्योहार 19 अगस्त 2024, सोमवार को मनाया जा रहा है. रक्षाबंधन के दिन भद्रा पड़ने के कारण राखी बांधने का शुभ समय दोपहर 01:25 बजे से रात 09:36 बजे तक रहेगा. 19 अगस्त. इस बीच बिना किसी दुविधा के भाइयों को राखी बांधी जा सकती है. ऐसे में चलिए जानते है राखी में तीन गांठों का महत्व क्या होता है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;तीन गांठें लगाना बहुत शुभ&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;धार्मिक मान्यताओं के अनुसार राखी में तीन गांठें लगाना बहुत शुभ होता है। कहा जाता है कि इन तीनों गांठों का सीधा संबंध त्रिदेव यानी ब्रह्मा, विष्णु और महेश से है। इसलिए राखी बांधते समय पहली गांठ भाई की लंबी उम्र के लिए, दूसरी गांठ खुद की लंबी उम्र के लिए और तीसरी गांठ भाई-बहन के रिश्ते में प्यार और मिठास लाने के लिए बांधी जाती है।&lt;/p&gt;



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&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इस तरह तैयार करें थाली&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;रक्षाबंधन पर तैयार की गई थाली में रोली, अक्षत, हल्दी, नारियल, राखी, दीपक, मावे से बनी मिठाई या खीर आदि का होना बहुत जरूरी है। ऐसा माना जाता है कि इन चीजों के बिना पूजा अधूरी रहती है। साथ ही थाली में इन सभी चीजों का होना भी जरूरी है, क्योंकि ये राखी बांधते समय के लिए बहुत जरूरी है.&lt;/p&gt;



&lt;figure class=&quot;wp-block-image size-full is-resized&quot;&gt;&lt;img loading=&quot;lazy&quot; decoding=&quot;async&quot; width=&quot;300&quot; height=&quot;168&quot; src=&quot;https://up.inkhabar.com/wp-content/uploads/2024/08/image-16.png&quot; alt=&quot;&quot; class=&quot;wp-image-16832&quot; style=&quot;width:606px;height:auto&quot; srcset=&quot;https://up.inkhabar.com/wp-content/uploads/2024/08/image-16.png 300w, https://up.inkhabar.com/wp-content/uploads/2024/08/image-16-150x84.png 150w&quot; sizes=&quot;auto, (max-width: 300px) 100vw, 300px&quot; /&gt;&lt;/figure&gt;
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