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       <title>Today high court News | Latest high court News | Breaking high court News in English | Latest high court News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का high court समाचार:Today high court News ,Latest high court News,Aaj Ka Samachar ,high court समाचार ,Breaking high court News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://up.inkhabar.com/tag/high-court</link>
        <lastBuildDate>May 17, 2026, 9:53 pm</lastBuildDate>
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            <title>UP Inkhabar</title>
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        </image><item><title>अतुल सुसाइड मामले में पत्नी निकिता और उसका परिवार पहुंचा हाईकोर्ट, दाखिल की अर्जी</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/wife-nikita-and-her-family-reached-high-court-in-atul-suicide-case-filed-application/</link><pubDate>December 14, 2024, 7:27 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/12/download-52.png</image><category>क्राइम</category><excerpt>लखनऊ: अतुल सुभाष मोदी सुसाइड मामला पिछले कुछ दिनों से सुर्खियों में बने हुए हैं. अब इस घटना में आरोपी पत्नी निकिता सिंघानिया और ससुराल के अन्य सदस्यों ने इलाहाबाद हाई कोर्ट में अर्जी दाखिल की है. पत्नी समेत सभी आरोपियों ने हाईकोर्ट में अग्रिम ज...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ:&lt;/strong&gt; अतुल सुभाष मोदी सुसाइड मामला पिछले कुछ दिनों से सुर्खियों में बने हुए हैं. अब इस घटना में आरोपी पत्नी निकिता सिंघानिया और ससुराल के अन्य सदस्यों ने इलाहाबाद हाई कोर्ट में अर्जी दाखिल की है. पत्नी समेत सभी आरोपियों ने हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दाखिल की है. उन्होंने गिरफ्तारी से बचने के लिए अग्रिम जमानत याचिका दायर की है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इनके नाम का अग्रिम जमानत याचिका दायर&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;पत्नी निकिता सिंघानिया के साथ-साथ सास निशा सिंघानिया, साले अनुराग सिंघानिया और सुशील सिंघानिया के लिए अग्रिम जमानत याचिका दायर की गई है। अग्रिम जमानत की अर्जी शुक्रवार यानी 13 दिसंबर को इलाहाबाद हाई कोर्ट की रजिस्ट्री में दाखिल की गई है. इस अग्रिम जमानत अर्जी पर मंगलवार या बुधवार को हाई कोर्ट में सुनवाई हो सकती है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;तत्काल सुनवाई को लेकर किया जा रहा अपील&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;हालांकि निकिता सिंघानिया का परिवार सोमवार को इस मामले को हाई कोर्ट में मेंशन कर तत्काल आधार पर सुनवाई की मांग करने की तैयारी कर रहा है. कोर्ट में मामले का उल्लेख कर अग्रिम जमानत अर्जी पर उसी दिन या यथाशीघ्र सुनवाई करने का अनुरोध किया जायेगा.आत्महत्या करने वाले अतुल सुभाष मोदी का परिवार सिंघानिया परिवार की इस अग्रिम जमानत अर्जी का विरोध कर सकता है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;परिवार की तरफ से कोई जानकारी नहीं&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;लेकिन अभी तक अतुल सुभाष के परिवार की ओर से हाई कोर्ट में दायर कैविएट के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है. सिंघानिया परिवार हाईकोर्ट में अपने बचाव के दौरान कई बड़े वकीलों का पैनल खड़ा करेगा. गौरतलब है कि शुक्रवार को कर्नाटक पुलिस ने मृतक अतुल सुभाष की पत्नी निकिता के भाई अनुराग सिंघानिया और मां निशा सिंघानिया को जांच अधिकारी के सामने पूछताछ के लिए नोटिस भेजा था.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;तीन दिन के भीतर पूछताछ के लिए हो पेश&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि दोनों को नोटिस जारी करने के तीन दिन के भीतर पूछताछ के लिए पेश होना है। इससे पहले अतुल के भाई की शिकायत के आधार पर कर्नाटक पुलिस ने निकिता की मां, भाई और चाचा के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। हालांकि, परिवार पिछले गुरुवार रात से ही फरार है.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद में हिंदू पक्ष की बड़ी जीत, अगली सुनवाई 6 नवंबर</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/big-victory-for-hindu-side-in-shri-krishna-janmabhoomi-dispute-next-hearing-on-6-november/</link><pubDate>October 23, 2024, 11:17 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/10/download-95-300x168.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ: मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में आज बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. इस बीच शाही ईदगाह मस्जिद कमेटी की रिकॉल याचिका पर इलाहाबाद हाई कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया है. हाई कोर्ट के फैसले को हिंदू पक्ष...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ:&lt;/strong&gt; मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में आज बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. इस बीच शाही ईदगाह मस्जिद कमेटी की रिकॉल याचिका पर इलाहाबाद हाई कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया है. हाई कोर्ट के फैसले को हिंदू पक्ष की बड़ी जीत बताया जा रहा है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मस्जिद कमेटी की रिकॉल याचिका खारिज&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मस्जिद कमेटी की रिकॉल याचिका को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है. कोर्ट के इस फैसले से हिंदू पक्ष की डेढ़ दर्जन याचिकाओं पर कोर्ट में एक साथ सुनवाई का रास्ता साफ हो गया है. हाई कोर्ट ने इस साल 11 जनवरी के अपने फैसले को बरकरार रखा था. जिसके बाद अब कोर्ट ने ये फैसला सुनाया है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कोर्ट ने अपना पुराना फैसला बरकरार रखा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;शाही ईदगाह मस्जिद कमेटी ने हिंदू पक्ष की ओर से दायर याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई के फैसले के खिलाफ हाई कोर्ट में रिकॉल याचिका दायर की थी. रिकॉल याचिका पर कोर्ट द्वारा 11 जनवरी को दिए गए फैसले को चुनौती दी गई थी. अब एक बार फिर कोर्ट ने अपना पुराना फैसला बरकरार रखा है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कोर्ट ने फैसले को सही ठहराया&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;कोर्ट ने एक बार फिर इसी साल 11 जनवरी को दिए अपने फैसले को सही ठहराया है. दरअसल, इस याचिका में मुस्लिम पक्ष की ओर से कहा गया था कि हिंदू पक्ष की याचिकाओं में असमानताएं हैं. इसी वजह से अलग से सुनवाई की मांग की जा रही है. इसलिए इन याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई नहीं की जानी चाहिए.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;अगली सुनवाई 6 नवंबर दोपहर 2 बजे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मुस्लिम पक्ष ने कहा कि सुनवाई की गुणवत्ता तय होने से पहले मामलों को क्लब नहीं किया जा सकता. जस्टिस मयंक कुमार जैन की एकलपीठ ने यह फैसला सुनाया है. बता दें कि इस मामले में सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने 16 अक्टूबर को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. अब मामले की अगली सुनवाई 6 नवंबर को दोपहर 2 बजे शुरू होगी.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>High Court: इलाहाबाद हाईकोर्ट से सीसामऊ सीट के विधायक को लगा बड़ा झटका, सुनवाई को एक बार फिर टाला</title><link>https://up.inkhabar.com/politics/high-court-mla-from-sisamau-seat-got-a-big-blow-from-allahabad-high-court-hearing-postponed-once-again/</link><pubDate>August 27, 2024, 9:30 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/TGHJ-300x169.webp</image><category>राजनीति</category><excerpt>लखनऊ। कानपुर की सीसामऊ सीट से समाजवादी पार्टी के निवर्तमान विधायक इरफान सोलंकी को बड़ा झटका लगा है। इरफान सोलंकी की याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में मंगलवार को होने वाली सुनवाई टाल दिया गया है। पिछली कई तारीखों से लगातार सुनवाई को टाला जा रहा है...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ।&lt;/strong&gt; कानपुर की सीसामऊ सीट से समाजवादी पार्टी के निवर्तमान विधायक इरफान सोलंकी को बड़ा झटका लगा है। इरफान सोलंकी की याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में मंगलवार को होने वाली सुनवाई टाल दिया गया है। पिछली कई तारीखों से लगातार सुनवाई को टाला जा रहा है। हाईकोर्ट ने यूपी सरकार की गुजारिश पर मंगलवार को फिर एक बार से सुनवाई टल गई।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;अपील में सजा रद्द करने की मांग की&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अब 18 सितंबर को इस मामले में सुनवाई होगी। इरफान सोलंकी ने 7 साल की सजा के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील दायर की है। उन्होंने अपनी अपील में सजा को रद्द किए जाने की गुहार लगाई गई है। इसके अतिरिक्त अदालत का फैसला आने तक सजा पर रोक लगाए जाने और जमानत दिए जाने की भी अपील की गई है। 7 साल की सजा होने के कारण इरफान सोलंकी की विधानसभा की सदस्यता रद्द हो चुकी है। सीसामऊ सीट पर जल्द ही उपचुनाव कराए जाने की तैयारी है। इरफान सोलंकी को अगर कोर्ट से राहत मिलती है और उनकी सजा पर रोक लगती है तो उनकी विधानसभा की सदस्यता एक बार फिर बहाल हो जाएगी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;रिजवान सोलंकी ने भी याचिका दाखिल की&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;विधानसभा की सदस्यता बहाल होने की सूरत में इस सीट पर उपचुनाव भी नहीं होगा। इरफान सोलंकी के साथ ही इस मामले में सजा पाने वाले उनके भाई रिजवान सोलंकी ने भी याचिका दायर कर रखी है। भाई रिजवान सोलंकी की याचिका में भी वही मांगे दोहराई गई हैं। जो इरफान सोलंकी की याचिका में है। इसी केस में एक अन्य आरोपी याकूब की तरफ से भी जमानत की अपील दायर की है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;7 जून को दोषी ठहराया&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इरफान सोलंकी, उनके भाई रिजवान सोलंकी और याकूब पर कानपुर की डिफेंस कॉलोनी की स्थानीय महिला नजीर फातिमा घर आगजनी करने के आरोप में शिकायत दर्ज की गई थी। कानपुर की स्पेशल एमपी एमएलए कोर्ट ने इसी साल 7 जून को सपा विधायक इरफान सोलंकी और उनके भाई रिजवान सोलंकी समेत 5 लोगों को आरोपी ठहराते हुए केस दर्ज किया था।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Abbas Ansari: मुख्यतार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी को मिली बड़ी राहत, मामा समेत करीबी को भी मिली जमानत</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/abbas-ansari-mukhyamantri-ansaris-son-abbas-ansari-got-a-big-relief-his-maternal-uncle-and-close-aide-also-got-bail/</link><pubDate>August 24, 2024, 3:49 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/tgkl-300x169.webp</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ। गैंगस्टर मुख्तार अंसारी के विधायक बेटे अब्बास अंसारी को शु्क्रवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने जाने से मारने की धमकी देकर एक व्यक्ति की जमीन को अपने नाम कराने के मामले में अब्बास अंसारी, मामा आतिफ रजा उर्फ सरजील ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ।&lt;/strong&gt; गैंगस्टर मुख्तार अंसारी के विधायक बेटे अब्बास अंसारी को शु्क्रवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने जाने से मारने की धमकी देकर एक व्यक्ति की जमीन को अपने नाम कराने के मामले में अब्बास अंसारी, मामा आतिफ रजा उर्फ सरजील रजा और नजदीकी अफरोज की जमानत की अर्जी को मंजूरी दें दी है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;जमानत के बाद भी जेल में रहेंगे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;ये फैसला जस्टिस राजबीर सिंह ने सुनाया है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अब्बास अंसारी के साथ ही दोनों की जमानत अर्जियों पर उनके अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याया और सरकारी वकील को सुनने के बाद 1 अगस्त को फैसला अपने पास सुरक्षित रख लिया था। जमानत के बाद अभी वह फिलहाल जेल में रहेंगे। उनके खिलाफ ईडी के एक मामले में याचिका सु्प्रीम कोर्ट में लंबित है। बताया जा रहा है कि गाजीपुर के शहर कोतवाली में अबू फखर खां ने 12 अगस्त 2023 को माफिया मुख्तार अंसारी, उसकी पत्नी अफंशा अंसारी, बेटे अब्बास अंसारी, साले आतिफ अंसारी और अनवर शहजाद समेत अंसारी परिवार के नजदीकी अफरोज के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;गंभीर मामलों में दर्ज कराई शिकायत&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;शिकायत में इन सभी पर ठगी, रंगदारी, हत्या की धमकी देने, जमीन-पैसे हड़पने और साजिश रचने के गंभीर आरोप लगाए गए थे। कहा गया कि होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज के सामने अबू फखर खां की बेशकीमती जमीन थी। जिसे मुख्तार अंसारी ने अपने दोनों सालों की मदद से अपने बेटे के नाम करा ली। 2012 में अबू फखर खां को लखनऊ जेल बुलवाया गया। जिसके बाद जमीन अपने बेटे अब्बास अंसारी के नाम करने का दबाव बनाया गया था।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>UP Politics: सुल्तानपुर सांसद की रद्द हो सकती है सदस्यता? आज इलाहाबाद कोर्ट में सुनवाई, ये है पूरा मामला…</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/up-politics-sultanpur-mps-membership-may-be-cancelled-hearing-in-allahabad-court-today-this-is-the-whole-matter/</link><pubDate>August 5, 2024, 6:00 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/download-3-300x169.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ : आज सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुल्तानपुर से बीजेपी सांसद मेनका गांधी की याचिका पर सुनवाई होगी। बता दें कि मेनका गांधी ने सुल्तानपुर संसदीय सीट का चुनाव रद्द करने के उपलक्ष्य में उच्च न्यायालय की लखनऊ बेंच में याचिका दायर की है। न्या...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ &lt;/strong&gt;: आज सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुल्तानपुर से बीजेपी सांसद मेनका गांधी की याचिका पर सुनवाई होगी। बता दें कि मेनका गांधी ने सुल्तानपुर संसदीय सीट का चुनाव रद्द करने के उपलक्ष्य में उच्च न्यायालय की लखनऊ बेंच में याचिका दायर की है। न्यायाधीश रंजन रॉय की पीठासीन इस याचिका पर आज दोपहर सुनवाई करने वाली है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इलाहाबाद उच्च न्यायालय में याचिका दायर&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि मेनका गांधी ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ बेंच में याचिका दायर की है। याचिका में भाजपा सांसद ने बताया कि सपा के उम्मीदवार और सांसद राम भुआल निषाद ने तथ्यों को छिपाकर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम का उल्लंघन किया है। सपा नेता राम भुआल के ऊपर 12 मुकदमें दर्ज किए गए हैं। जबकि उनकी तरफ से सिर्फ 8 मामलों में जानकारी दी गई है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;भुआल ने कई मामलों में जमानत ली&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मेनका गांधी ने अपने याचिका में कहा है कि सपा नेता भुआल ने कई मामलों में जमानत ली, अदालत की पेशी पर पेश भी हुए परंतु निर्वाचन आयोग में जानकारी छुपाते हुए केवल आठ मामले दर्ज होने की बात बताई। इस याचिका के दायर होने के बाद सुल्तानपुर संसदीय सीट से चुनाव लड़ने वाले सभी नौं उम्मीदवारों को नोटिस भेजा जा चुका है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मेनका गांधी की तरफ से प्रशांत सिंह होंगे पेश&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अदालत में मेनका गांधी की तरफ से वकील प्रशांत सिंह अटल पेश होंगे। मेनका गांधी ने अपनी याचिका में यह दावा किया है कि आपराधिक मामलों का खुलासा न करना एक भ्रष्ट आचरण को दिखाता है. Representation of People act 1951 की धारा 100 के तहत ऐसा करना भ्रष्ट आचरण की केटेगरी में आता है। इसी आधार पर सुल्तानपुर लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी सांसद का चुनाव निरस्त करने लायक है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सुल्तानपुर सीट 2024 चुनाव&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि 2024 के आम चुनाव में सपा से एमपी राम भुवाल निषाद ने सुल्तानपुर सीट से मेनका गांधी को 43174 वोटो से हराया। लोकसभा चुनाव में सुल्तानपुर संसदीय क्षेत्र में BJP, SP और BSP का त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिला था. हालांकि पिछले दो चुनाव में इस सीट पर बीजेपी की जीत हुई थी लेकिन इस साल भाजपा को इस सीट पर हार का सामना करना पड़ा है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Afzal Ansari: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अफजाल अंसारी को दी बड़ी राहत, संसद सदस्यता रहेगी बरकरार</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/afzal-ansari-allahabad-high-court-gives-big-relief-to-afzal-ansari-parliament-membership-will-remain-intact/</link><pubDate>July 29, 2024, 10:38 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/07/download-8-7-300x169.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ : माफिया मुख्तार के भाई और गाजीपुर के एमपी अफजाल अंसारी को इलाहाबाद कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अपराध मामले में आरोपी अफजल को दी गई 4 साल की सजा को रद्द कर दिया है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गाजीपुर कोर्ट के फैसले को पलट दि...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ &lt;/strong&gt;: माफिया मुख्तार के भाई और गाजीपुर के एमपी अफजाल अंसारी को इलाहाबाद कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अपराध मामले में आरोपी अफजल को दी गई 4 साल की सजा को रद्द कर दिया है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गाजीपुर कोर्ट के फैसले को पलट दिया है। सजा रद्द होने से अफजल अंसारी की संसद की सदस्यता समाप्त नहीं होगी। हाईकोर्ट के आज सोमवार के फैसले से उनकी संसद की सदस्यता पर कोई असर नहीं पड़ेगा। जस्टिस संजय कुमार की सिंगल बेंच ने यह फैसला सुनाया। इस मामले में पूरी सुनवाई के बाद कोर्ट ने 4 जुलाई को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;29 अप्रैल 2023 में सुनाई गई थी सजा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अफजल अंसारी को गैंगस्टर मामले में पिछले साल 29 अप्रैल 2023 को 4 साल की सज़ा सुनाई गई थी। 4 साल की सज़ा के कारण अफ़ज़ल को जेल जाना पड़ा और उसे सांसद पद से हटा दिया गया। हालंकि, सुप्रीम कोर्ट द्वारा सज़ा पर रोक लगाए जाने के कारण अफ़ज़ल की संसद की सदस्यता बहाल कर दी गई थी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सपा नेता आईपी सिंह ने ट्वीट कर कही ये बात&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अफजल को कोर्ट से राहत मिलने पर सपा के दिग्गज नेता आईपी सिंह ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने ट्वीट पर लिखा, &amp;#8220;सत्यमेव जयते। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने समाजवादी पार्टी के सांसद श्री अफजाल अंसारी को हाईकोर्ट ने बड़ी राहत दी है। गैंगस्टर मामले में अफजाल अंसारी को बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने गाजीपुर एमपी एमएलए कोर्ट के फ़ैसले को रद्द किया। गाजीपुर एमपी एमएलए कोर्ट ने 4 साल की अफजाल जी को सजा सुनाई थी।&lt;/p&gt;



&lt;figure class=&quot;wp-block-embed is-type-rich is-provider-twitter wp-block-embed-twitter&quot;&gt;&lt;div class=&quot;wp-block-embed__wrapper&quot;&gt;
&lt;blockquote class=&quot;twitter-tweet&quot; data-width=&quot;500&quot; data-dnt=&quot;true&quot;&gt;&lt;p lang=&quot;hi&quot; dir=&quot;ltr&quot;&gt;सत्यमेव जयते।&lt;br&gt;&lt;br&gt;इलाहाबाद हाईकोर्ट ने समाजवादी पार्टी के&lt;br&gt;सांसद श्री अफजाल अंसारी को हाईकोर्ट ने बड़ी राहत दी है।&lt;br&gt;&lt;br&gt;गैंगस्टर मामले में अफजाल अंसारी को बड़ी राहत मिली है।&lt;br&gt;&lt;br&gt;हाईकोर्ट ने गाजीपुर एमपी एमएलए कोर्ट के फ़ैसले को रद्द किया।&lt;br&gt;&lt;br&gt;गाजीपुर एमपी एमएलए कोर्ट ने 4 साल की अफजाल जी को… &lt;a href=&quot;https://t.co/RN3YBaSYDy&quot;&gt;pic.twitter.com/RN3YBaSYDy&lt;/a&gt;&lt;/p&gt;&amp;mdash; I.P. Singh (@IPSinghSp) &lt;a href=&quot;https://twitter.com/IPSinghSp/status/1817862080680329345?ref_src=twsrc%5Etfw&quot;&gt;July 29, 2024&lt;/a&gt;&lt;/blockquote&gt;&lt;script async src=&quot;https://platform.twitter.com/widgets.js&quot; charset=&quot;utf-8&quot;&gt;&lt;/script&gt;
&lt;/div&gt;&lt;/figure&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इलाहाबाद उच्च न्यायालय में चुनौती&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अफजाल अंसारी ने गाजीपुर कोर्ट के फैसले को इलाहाबाद उच्च न्यायालय में चुनौती दी। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने अफ़ज़ल को ज़मानत दे दी, लेकिन सज़ा पर रोक लगाने से इनकार कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने अफ़ज़ल की सज़ा पर रोक लगा दी और इलाहाबाद उच्च न्यायालय से 30 जून तक उसकी अपील पर अपना फ़ैसला देने को कहा था।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt; 4 साल की सजा को रद्द करने की मांग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अफजल के वकील ने 4 साल की सजा को रद्द करने की मांग की थी, जिसके लिए हाईकोर्ट में अपील दायर की गई थी। अफजल के वकील की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गोपाल चौधरी और अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय ने असांरी की तरफ से दलीलें हाईकोर्ट में पेश किए। अफजल के वकील ने कहा था कि गाजीपुर के एमपी के खिलाफ भाजपा के पूर्व MLA कृष्णानंद राय मर्डर केस के आधार पर गैंगस्टर की कार्रवाई की गई थी.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>यूपी मदरसा बोर्ड लॉ असंवैधानिक, हाईकोर्ट ने धर्मनिरपेक्षता का बताया उल्लंघन</title><link>https://up.inkhabar.com/top-news/up-madarsa-board-law-unconstitutional-high-court-says-it-is-a-violation-of-secularism/</link><pubDate>March 22, 2024, 9:24 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/03/download-2024-03-22T145348.029-300x169.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>लखनऊ। उत्तर प्रदेश की इलाहाबाद HC की लखनऊ बेंच ने &amp;#8216;यूपी बोर्ड ऑफ मदरसा एजुकेशन एक्ट 2004&amp;#8217; को असंवैधानिक करार दिया है। हाई कोर्ट ने इसे धर्मनिरपेक्षता के सिद्धांत का उल्लंघन बताया है। साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार को एक स्कीम लाने को कहा...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ।&lt;/strong&gt; उत्तर प्रदेश की इलाहाबाद HC की लखनऊ बेंच ने &amp;#8216;यूपी बोर्ड ऑफ मदरसा एजुकेशन एक्ट 2004&amp;#8217; को असंवैधानिक करार दिया है। हाई कोर्ट ने इसे धर्मनिरपेक्षता के सिद्धांत का उल्लंघन बताया है। साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार को एक स्कीम लाने को कहा है जिसके द्वारा मदरसों में पढ़ रहे छात्रों को औपचारिक शिक्षा प्रणाली में सम्मलित किया जा सके। अंशुमान सिंह राठौड़ की याचिका पर जस्टिस विवेक चौधरी और जस्टिस सुभाष विद्यार्थी की खंडपीठ ने यह फैसला सुनाया है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>उत्तर प्रदेश: वाराणसी में हाई अलर्ट, ASI द्वारा आज शुरू होगा सर्वे</title><link>https://up.inkhabar.com/states/uttar-pradesh-high-alert-in-varanasi-asi-will-start-survey-today/</link><pubDate>August 4, 2023, 3:06 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/08/download-16-300x169.png</image><category>राज्य</category><excerpt>लखनऊ। ज्ञानवापी में सर्वे को लेकर पुलिस और प्रशासनिक महकमा अलर्ट पर है. एसएसआई की टीम शुक्रवार यानी आज पहुंच चुकी है. पुलिस आयुक्त मुठा अशोक जैन ने कहा कि सर्वे में किसी तरह का व्यवधान नहीं आएगा। ASI करेगा सर्वे आपको बता दें, वाराणसी के ज्ञानवा...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ। &lt;/strong&gt;ज्ञानवापी में सर्वे को लेकर पुलिस और प्रशासनिक महकमा अलर्ट पर है. एसएसआई की टीम शुक्रवार यानी आज पहुंच चुकी है. पुलिस आयुक्त मुठा अशोक जैन ने कहा कि सर्वे में किसी तरह का व्यवधान नहीं आएगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;ASI करेगा सर्वे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें, वाराणसी के ज्ञानवापी स्थित सील वजूखाने को छोड़कर अन्य क्षेत्रों का सर्वे भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम आज सर्वे करेगी. इलाहबाद हाई कोर्ट के आदेश के बाद ही जिला और पुलिस प्रशासन ने गुरुवार को एसएसआई के सहयोग और सुरक्षा की जरुरी तैयारियां पूरी कर ली हैं. जिले की पुलिस और प्रशासनिक महकमा हाई अलर्ट पर है. वहीं सोशल मीडिया की निगरानी की जा रही है. जिलाधिकारी एस राजलिंगम ने कहा कि अदालत के आदेश का पालन कराया जाएगा। एएसआई टीम का सर्वे में हर तरह का सहयोग दिया जाएगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पुलिस ने लिया सुरक्षा का जायजा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;एसएसआई ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के बाद जिले की पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों से संपर्क किया। एसएसआई की टीम वाराणसी में मौजूद है. इस टीम में राजधानी लखनऊ, आगरा, दिल्ली, प्रयागराज पटना समेत कई शहरों के विशेषज्ञ को शामिल किया गया है.पुलिस आयुक्त ने इसी मामले में गुरुवार को ज्ञानवापी परिसर की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा भी लिया। करीब तीन घंटे तक पुलिस आयुक्त ने सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता रखने की रणनीति बनाई।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;10 दिन रुका रहा सर्वे का काम&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;24 जुलाई की सुबह एसएसआई की 43 सदस्यीय टीम के साथ ज्ञानवापी में लगभग साढ़े पांच घंटे तक सर्वे किया था। दोपहर 12:30 बजे सर्वे ऊपर रोक लगाने सम्बंधित सुप्रीम कोर्ट का आदेश आया. उस दिन से आज तक 10 सुप्रीम कोर्ट और फिर इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश से ज्ञानवापी में सर्वे का काम रुका रहा.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;4 अगस्त तक रिपोर्ट देने को कहा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत ने ज्ञानवापी की मौजूदा संरचना को नुकसान पहुंचाए बिना एसएसआई को 4 अगस्त तक रिपोर्ट देने को कहा था. रिपोर्ट में एसएसआई को ये बताना था कि क्या मंदिर को ध्वस्त कर उसके ढांचा के ऊपर मस्जिद बनाई गई है? मगर मामला सुप्रीम और हाईकोर्ट में जा पहुंचा। अब हाईकोर्ट ने सर्वे पर मुहर लगा दी है. मामले की सुनवाई शुक्रवार को भी जिला जज की अदालत में होनी है.&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>